आत्महत्या

एक बार एक मोटे व्यक्ति को आत्महत्या की सूझी
उसने एक ऊंची बिल्डिंग खोजी
बड़ी मुश्किल से वो ऊपर तक चड़ा और कूद पड़ा
जब उसको आया होंश तो दिल में भरकर जोश
उसने नर्स से पूछा मैं यहाँ कैसे आया
नर्स ने कहा एक भिखारी आपको यहाँ लाया
भिखारी के कारण आप तो बच गए
पर आप जिन पर कूदे थे वो चारो दब कर मर गए

इस पर भी उस व्यक्ति ने नहीं मानी हार
उन चारों का कर के अंतिम संस्कार
सोचा नींद की गोली खाकर मर जाऊं
बहुत हो गया अब तो कुछ कर जाऊं
इस तरह मामला तो हो गया था सेट
पर सरकार ने दवाइयों पर लगा दिया वेट
दिल में लेकर दुःख उसने किया गंगा की और रूख
फिर सोचा गंगा को क्यों अपवित्र करूं
इस से तो अच्छा ट्रेन के निचे आकर मरूं
इसलिए उसने प्लेटफ़ॉर्म की और कदम बढाया
पर रेलवे पुलिस के हाथों बिना टिकिट पकडाया

पुलिस से छूट कर वो गया घर
बीवी को पता चला तो घर में मचा ग़दर
बीवी ने कहा इतनी भी मरने की क्या जल्दी थी
पहले बच्चो की फीस और बिजली का बिल भर जाते
फिर आराम से मर जाते

अंत में उस ने मानी हार
क्योकि यहाँ जीने के साथ मरना भी है दुश्वार
फिर खाना खाकर बिस्तर में जा कर सो गया
सुबह उसका खेल अपने आप ख़तम हो गया
प्रणय

 

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